नई दिल्ली । रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को कहा कि जीएसटी सुधारों का प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है, क्योंकि इस वर्ष उपभोग में लगभग 10% की वृद्धि हुई है — यानी उपभोक्ता खर्च में अतिरिक्त ₹20 लाख करोड़ की बढ़ोतरी हुई है।
वित्त और कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने नई दिल्ली में जीएसटी बचत उत्सव पर एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की।
वैष्णव ने कहा कि इस वृद्धि से निवेश में समानुपातिक बढ़ोतरी की उम्मीद है, जिससे विकास की गति को मजबूती मिलेगी और यह दर्शाएगा कि जीएसटी सुधारों ने उपभोग और निवेश के बीच के संबंध को किस तरह मजबूत किया है।
वैष्णव ने बताया कि इस वर्ष के नवरात्रि सीजन में इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में रिकॉर्डतोड़ बिक्री हुई, जिसमें पिछले साल की तुलना में 20–25% की वृद्धि दर्ज की गई। सभी प्रमुख रिटेल चेन ने उत्पाद श्रेणियों में अभूतपूर्व मांग की रिपोर्ट दी — टेलीविज़न और वॉशिंग मशीन से लेकर स्मार्टफोन और एयर कंडीशनर तक। उल्लेखनीय है कि 85-इंच टेलीविज़न पूरी तरह बिक गए, और कई परिवारों ने अपने उपकरणों को नए मॉडलों में अपग्रेड किया, जो उपभोक्ता विश्वास और क्रय शक्ति में वृद्धि को दर्शाता है।
सीतारमण ने कहा, “नेक्स्ट-जेन जीएसटी सुधार नवरात्रि के पहले दिन से लागू हुए हैं और मुझे लगता है कि भारत की जनता ने इन्हें सकारात्मक रूप से स्वीकार किया है।”
गोयल ने कहा कि इस सुधार ने पूरे देश में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार किया है।
उन्होंने कहा कि अप्रत्यक्ष कर प्रणाली 140 करोड़ भारतीयों को प्रभावित करती है, और प्रत्यक्ष तथा अप्रत्यक्ष कर उपायों के माध्यम से ₹2.5 लाख करोड़ की राहत देने का निर्णय अभूतपूर्व और कल्पना से परे है।
गोयल ने कहा कि इन सुधारों के प्रभाव निवेश, व्यापार और उद्योग में पहले से ही दिखाई दे रहे हैं, जिससे भारतीय अर्थव्यवस्था में उछाल आया है और उपभोग में वृद्धि हुई है।
उन्होंने कहा कि जब अवसंरचना विकास और दैनिक आवश्यक वस्तुएं अधिक सुलभ हो जाती हैं, तो आपूर्ति और मांग दोनों पक्षों से मिलने वाला संयुक्त प्रोत्साहन अर्थव्यवस्था को तेजी से बढ़ने में मदद करता है, जिससे भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है।


